कवित्त छंद

लक्षण:-
1.यह मुक्तक छंद है। 
2. इसमें वर्णों की गिनती की जाती है।
3. इसमें कुल 31 वर्ण होते हैं।
4. 16-15 वर्णों पर यति होती है।

उदाहरण:-
     इन्द्र जिमि जंभ पर , बाडव सुअंभ पर 
           रावण सदंभ पर रघुकुल राज है।
     पौन वारिवाह पर संभू रतिनाह पर
           ज्यों सहस्त्र पर राम द्विजराज है।
    दावा द्रुमदंड पर चीता मृग झुंड पर
           भूषण वितुण्ड पर जैसे मृगराज है।
    तेज तम अंस पर कान्ह जिमि कंस पर 
           त्यों मलेच्छ वंस पर सेर सिवराज है।


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